एशिया विसमताओं का महाद्वीप है

एशिया विसमताओं का महाद्वीप है

एशिया के धरातल पर विश्व के उच्चतम तथा न्यूनतम बिंदु स्थित है। इसका उच्चावच बहुत विषम तथा नवीन युवा है, जिसमें उच्च शिखरें तथा निम्न घाटियाँ सम्मिलित है। विश्व का उच्चतम बिंदु माउण्ट एवरेस्ट (सागर तल से 8850 मी. ऊँचा) तथा निम्नतम बिन्दु मृत सागर (सागर तल से 400 मीटर नीचे) इसी महाद्वीप पर स्थित है। इसके अतिरिक्त, विश्व की सबसे गहरी द्रोणी (trough), जिसमें बैकाल झील स्थित है, इसी महाद्वीप पर मिलती है।

एशिया की जलवायु में अतिशयताएँ दृष्टिगोचर होती हैं। यहाँ सबसे गर्म स्थान इजराइल का तिरित जेवी (53.9°C), सबसे ठण्डा स्थान साइबेरिया का ओमीआकोन (-67.7°C) विश्व का आद्रतम स्थान भारत के मेघालय राज्य में मासिनराम (100 सेमी वार्षिक वर्षा) तथा शुष्कतम स्थान अरब प्रायद्वीप के दक्षिण में (औसत वार्षिक वर्षा 3.8 सेमी) स्थित हैं।

विश्व की 35 विशाल नदियों में से 15 नदियाँ एशिया महाद्वीप पर प्रवाहित होती है, जिनमें क्रमशः यांग्त्सी (6380 किमी ), ओब (5750 किमी), वांग हो(4667 किमी ), यनीसी (4506 किमी), इर्तिश (4438 किमी), आमूर (4352 किमी), मीकांग, इरावदी, सिंधु, ब्रह्मपुत्र, फरात आदि उल्लेखनीय है।

महाद्वीप में वनस्पति की अतिशयताएँ भी दृष्टिगोचर होती है। पादप प्रजातियाँ मॉस तथा लाइकेन (शीतल प्रदेश) से लेकर चौड़ी पत्ती के कठोर लकड़ी वाली किस्मों (उष्ण कटिबन्धीय तथा विषुवत रेखीय वनों में) तक मिलती हैं। एशिया में सभी प्रकार की मिट्टियाँ मिलती है; जैसे – जलोढ़ (कॉप), पर्वतीय, लेटराइट, मरुस्थल, चरनोजम (काली), पोडजोली, पीली तथा टुण्ड्रा की मिट्टियाँ

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